UP

मर्जर और पेयरिंग के खिलाफ आरएसएम ने किया धरना-प्रदर्शन

विद्यालयों के पेयरिंग और मर्जर से आने वाले समय में बंद हो जाएंगे उच्च प्राथमिक विद्यालय

RAEBARELI: परिषदीय विद्यालयों के मर्जर और पेयरिंग के खिलाफ राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने विकास भवन परिसर में धरना प्रदर्शन किया। पेयरिंग और मर्जर को रोकने के लिए जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन दिया। शिक्षकों ने कहा कि विद्यालय मर्जर की वजह से गांवों में गरीब नौनिहालों का भविष्य बर्बाद हो जाएगा। बहुत अभिभावक अपने बच्चों को नहीं पढ़ा पाएंगे। शिक्षक विद्यालय से चला जाएगा, लेकिन बच्चा गांव में छूट जाएगा और ड्रॉपआउट का ग्राफ बढ़ेगा।

विकास भवन में आयोजित धरना प्रदर्शन में जिलाध्यक्ष वीरेंद्र सिंह ने कहा कि सरकार की तरफ से की जा रही पेयरिंग और मर्जर की वजह से बच्चों का भविष्य बर्बाद हो जाएगा। बच्चे पढ़ नहीं पाएंगे और आरटीई एक्ट के नियमों का उल्लंघन होगा। नई शिक्षा नीति के तहत सरकार केंद्रीय नीति लागू करने जा रही है, लेकिन गांवों के परिवेश और दूरी को बिल्कुल ही ध्यान नहीं दे रही है।

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जिला मंत्री शशि देवी ने कहा कि अधिकारियों ने भौतिक स्तर पर सत्यापन किए बिना ही विद्यालयों को मर्जर करने की घोषणा कर दी। अब स्थिति यह है कि गांवों से बच्चा तीन-तीन किलोमीटर दूर जाने को मजबूर होगा। अब ऐसी स्थिति में शायद वह बच्चा गांव में ही छूट जाएगा। उस बच्चे का भविष्य क्या होगा, यह शायद अधिकारियों और सरकार ने बिल्कुल ही नहीं सोचा है।

जिला संगठन मंत्री मधुकर सिंह और संयुक्त मंत्री हरिमोहन यादव ने कहा कि सरकार ने आरटीई एक्ट इसी वजह से लागू किया था कि हर बच्चे को सुगम तरीके शिक्षा व्यवस्था उपलब्ध हो सकें। आरटीई एक्ट के तहत ही उत्तर प्रदेश सरकार ने गांव-गांव बच्चों के लिए हर एक किलोमीटर पर विद्यालय खोलने की नियमावली बनाई थी। लेकिन अब शायद सरकार का जोर बच्चों को शिक्षा देना नहीं है। नई शिक्षा नीति के नाम पर विद्यालयों का ऑपरेशन किया जा रहा है।

ब्लॉक अध्यक्ष आनंद सिंह, ब्रजेन्द्र और अविनाश सिंह ने कहा कि मर्जर और पेयरिंग में विद्यालय अभिभावकों के साथ में बैठक करके उनकी सहमति और असहमति को जरूर लिखें और हस्ताक्षर भी कराएं, यह भविष्य में विद्यालय को बचाने में बहुत ही कारगर होगा। शिक्षक नेता दिनेश सिंह ने कहा कि भौतिक रूप से विद्यालय चले या न चले लेकिन कागजों पर विद्यालय वर्षों तक चलता रहेगा ताकि कहीं कोर्ट में उस मुद्दे को चैलेंज न किया जाएगा। कार्यक्रम का संचालन जिला महामंत्री संजय कनौजिया ने किया।

बैठक में हरिशरण सिंह, अमित, भानु प्रताप सिंह, अंकित, मनोज, वीरेंद्र चौधरी, धीरेंद्र, रामेश्वर, पुष्पलता पांडेय, रणविजय सिंह गंगा पारी, अनूप, प्रतिमा सिंह, हरिवंश सिंह, अनुराग मिश्रा, कौशलेंद्र सिंह सहित सैकड़ों शिक्षक मौजूद रहे।

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Sunil Yadav

संपादक, और अनुभवी पत्रकार हैं। वे दैनिक जागरण, आईनेक्‍स्‍ट, कैनविज टाइम्‍स और दैनिक जागरण आईनेक्‍स्‍ट से जुड़े रहे हैं। वह मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश की राजनीति, प्रशासनिक ख़बरों, स्वास्थ्य सेवाओं, टेक्‍नोलॉजी से जुड़े विषयों पर लिखते हैं। ट्विटर (X) पर उनसे @sunilyadav21 पर जुड़ सकते हैं।

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