यूपी में अब मरीजों को नहीं भटकना पड़ेगा, 310 अस्पतालों का इमरजेंसी नेटवर्क तैयार, 48 घंटे मुफ्त इलाज

त्तर प्रदेश में इमरजेंसी के दौरान मरीजों को अब एक से दूसरे अस्पताल के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। यूपी सरकार 310 अस्पतालों का एक मजबूत नेटवर्क तैयार कर रही है। इसे ‘एकीकृत ट्रामा एवं इमरजेंसी नेटवर्क’ (UPTEN) का नाम दिया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य आपात स्थिति में मरीजों को तुरंत और सटीक इलाज मुहैया कराना है। इस योजना की सबसे बड़ी खासियत यह है कि मरीज को शुरुआती 48 घंटे का इलाज बिल्कुल मुफ्त मिलेगा।
मुख्य सचिव एसपी गोयल की अध्यक्षता में हुई एक अहम बैठक में इस योजना पर सैद्धांतिक सहमति बन गई है। मौजूदा समय में राज्य के अंदर सड़क दुर्घटना, हार्ट अटैक, स्ट्रोक, जहर खुरानी या गंभीर रूप से जलने जैसी स्थितियों के लिए कोई समन्वित प्रणाली नहीं है। UPTEN इसी कमी को दूर करेगा। यह सिस्टम ‘गोल्डन आवर’ में मरीजों की जान बचाने में कारगर साबित होगा।
तीन स्तरों में बंटा होगा नेटवर्क
अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य अमित घोष के अनुसार, इस नेटवर्क को तीन अलग-अलग स्तरों पर विकसित किया जाएगा:
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स्तर-1: इसमें 11 बड़े और प्रमुख चिकित्सा शिक्षा संस्थानों को शामिल किया जाएगा।
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स्तर-2: इसमें 36 मेडिकल कॉलेजों को जोड़ा जाएगा।
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स्तर-3: मरीजों की प्राथमिक देखभाल (स्टेबलाइजेशन) के लिए 126 केंद्र बनाए जाएंगे।
इसके अलावा, शुरुआती चरण में 137 निजी अस्पतालों (private hospitals) को भी इस नेटवर्क का हिस्सा बनाया जाएगा। प्रथम चरण में कुल 310 चिकित्सा इकाइयों को जोड़कर काम शुरू होगा। भविष्य में जरूरत के अनुसार इस नेटवर्क का और विस्तार किया जा सकेगा।
एंबुलेंस सेवा से सीधा जुड़ाव
इमरजेंसी प्रतिक्रिया को तेज और असरदार बनाने के लिए इस पूरे नेटवर्क को राज्य की 108 एंबुलेंस सेवा और 112 आपातकालीन सेवा के साथ जोड़ा जाएगा। इसके साथ ही, नेटवर्क को टेलीमेडिसिन (telemedicine) और डिजिटल हेल्थ सिस्टम से जोड़ने का भी प्रावधान है।



