उपभोक्ता संरक्षण पर BIS की सख्त कार्रवाई, अमेज़न वेयरहाउस पर छापा
भारतीय मानक ब्यूरो का उपभोक्ता संरक्षण और गुणवत्ता मानकों पर जोर

लखनऊ। भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) लखनऊ शाखा ने उपभोक्ता अधिकारों की सुरक्षा और बाजार में गुणवत्ताहीन उत्पादों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की जानकारी दी। BIS लखनऊ के शाखा प्रमुख एवं वरिष्ठ निदेशक श्री सुधीर बिश्नोई ने बताया कि हाल के दिनों में गुणवत्ता मानकों का उल्लंघन करने वाले उत्पादों और निर्माताओं पर कड़ी कार्रवाई की गई है। इस दौरान ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म अमेज़न (Amazon) के वेयरहाउस पर छापा मारकर बड़ी मात्रा में अवमानक खिलौने और हैंड ब्लेंडर जब्त किए गए।
इसके अलावा, नॉन-हॉलमार्क ज्वेलरी बेचने वाले विक्रेताओं और फर्जी हॉलमार्क टेस्टिंग लैब्स पर छापेमारी की गई। इन कार्रवाइयों का उद्देश्य बाजार में गैर-मानक उत्पादों की बिक्री को रोकना और उपभोक्ताओं को सुरक्षित और प्रमाणित उत्पाद उपलब्ध कराना है।
गुणवत्ता मानकों के उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई
BIS ने न केवल ई-कॉमर्स कंपनियों पर नजर रखी है, बल्कि नॉन-हॉलमार्क ज्वेलरी बेचने वाले विक्रेताओं और फर्जी हॉलमार्क टेस्टिंग लैब्स के खिलाफ भी छापेमारी की गई है। इन कार्रवाइयों का उद्देश्य बाजार में गैर-मानक उत्पादों की बिक्री रोकना और उपभोक्ताओं को प्रमाणित एवं सुरक्षित उत्पाद उपलब्ध कराना है।
नए उत्पादों पर अनिवार्य BIS प्रमाणन
श्री बिश्नोई ने बताया कि अब प्लाईवुड, फर्नीचर, इलेक्ट्रिकल उपकरण और लेदर फुटवियर सहित कई उत्पादों के लिए BIS प्रमाणन अनिवार्य कर दिया गया है। बिना प्रमाणन के इन उत्पादों की बिक्री अवैध होगी, और अनुपालन न करने वाले निर्माताओं पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
BIS केयर ऐप: उपभोक्ताओं के लिए डिजिटल सुरक्षा कवच
उपभोक्ताओं को उत्पादों की प्रमाणिकता जांचने और शिकायत दर्ज कराने में मदद के लिए BIS ने ‘BIS केयर ऐप’ लॉन्च किया है। इस ऐप के माध्यम से कोई भी उपभोक्ता ISI चिह्न, हॉलमार्क और आर-मार्क की प्रमाणिकता की जांच कर सकता है। उन्होंने कहा कि इस ऐप के माध्यम से ग्राहक यह जानकारी कर सकते हैं कि खरीदा गया उत्पाद मानकों के अनुरूप है या नहीं, जिससे उन्हें ठगी से बचाया जा सके। इसके अतिरिक्त, इस ऐप में शिकायत दर्ज कराने की सुविधा भी जोड़ी गई है, जिससे उपभोक्ता किसी भी अवमानक उत्पाद या मानकों का उल्लंघन करने वाली कंपनियों के खिलाफ सीधे BIS को शिकायत कर सकते हैं।
शिक्षा और जागरूकता अभियान
BIS उपभोक्ताओं को जागरूक करने के लिए स्कूल-कॉलेजों में ‘स्टैंडर्ड क्लब’ के माध्यम से जागरूकता अभियान चला रहा है। वहीं, औद्योगिक इकाइयों में ‘एक्सपोज़र विजिट’ और व्यापारियों के लिए वर्कशॉप आयोजित की जा रही हैं ताकि गुणवत्ता मानकों का महत्व समझाया जा सके।
ग्रामीण भारत में भी BIS की मुहिम
BIS ने उत्तर प्रदेश के 45 जिलों की 41,020 ग्राम पंचायतों में गुणवत्ता जागरूकता अभियान चलाया है। ग्राम प्रधानों को गुणवत्तायुक्त उत्पादों की पहचान करने और अवमानक उत्पादों से बचने की जानकारी दी गई है।
BIS की मुहिम से उपभोक्ताओं को बड़ा लाभ
श्री बिश्नोई ने उपभोक्ताओं से अपील की कि वे कोई भी उत्पाद खरीदने से पहले उसका BIS प्रमाणन अवश्य जांचें और यदि कोई अवमानक उत्पाद बाजार में उपलब्ध हो, तो उसकी जानकारी BIS को दें। उन्होंने आश्वासन दिया कि BIS उपभोक्ताओं को सुरक्षित और प्रमाणित उत्पाद उपलब्ध कराने के लिए अपनी मुहिम जारी रखेगा।