लखनऊ में बिजली कनेक्शन के नाम पर 1.5 लाख की रिश्वत की मांग, JE का Video Viral होने पर रातों-रात लगा मीटर

लखनऊ: राजधानी में बिजली विभाग के अंदर भ्रष्टाचार का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक जूनियर इंजीनियर (जेई) पर नए बिजली कनेक्शन के एवज में 1.5 लाख रुपये की रिश्वत मांगने का गंभीर आरोप लगा है। दिलचस्प बात यह है कि जब रिश्वत मांगने का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, तो विभाग की फजीहत से बचने के लिए आनन-फानन में आवेदक को कनेक्शन जारी कर दिया गया।
सर्वे के नाम पर दौड़ाते रहे कर्मचारी
जानकारी के मुताबिक, मालवीय नगर के रहने वाले राज कुमार वर्मा ने 9 अप्रैल को ‘निवेश मित्र’ पोर्टल के माध्यम से 24 केवीए के नए बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन किया था। पीड़ित का आरोप है कि आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी विभागीय कर्मचारी कई दिनों तक सिर्फ सर्वे का बहाना बनाकर उन्हें परेशान करते रहे।
ऑफिस बुलाकर मांगी 1.5 लाख की रकम
राज कुमार वर्मा का आरोप है कि 18 अप्रैल को 11 केवी एलटी तालकटोरा पर तैनात जेई निलेश सिंह ने उन्हें अपने कार्यालय बुलाया। वहां कनेक्शन जारी करने के बदले सीधे 1.5 लाख रुपये की मांग रख दी। जब पीड़ित ने इतनी भारी-भरकम रकम देने में असमर्थता जताई, तो जेई ने कथित तौर पर दलील दी कि इसी रकम के अंदर कनेक्शन का सरकारी चार्ज भी जमा करा दिया जाएगा।
वीडियो वायरल होते ही जारी हुआ कनेक्शन
इस पूरे घटनाक्रम का करीब 10 मिनट का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आ गया है, जिसमें रिश्वत मांगने की बातचीत सुनाई दे रही है। जैसे ही यह वीडियो वायरल हुआ, आरोपी जेई ने तुरंत कनेक्शन की फाइल आगे बढ़ा दी और प्रक्रिया पूरी कर दी।
हालांकि, मामला सार्वजनिक होने और वीडियो के रूप में सबूत सामने आने के बावजूद अब तक विभागीय अधिकारियों की ओर से संबंधित जेई पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इस पूरे प्रकरण पर सेंट्रल जोन के जीएम रवि अग्रवाल का कहना है कि मामला अभी उनके संज्ञान में आया है। जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।




