HealthIndia

लखनऊ में नकली दवाओं के अंतरराज्यीय नेटवर्क का पर्दाफाश, 24 लाख की अवैध दवाएं जब्त

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में नकली और अवैध दवाओं का कारोबार करने वालों पर बड़ा प्रहार हुआ है। राजधानी लखनऊ और गोंडा जिले में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) ने पुलिस के साथ मिलकर एक बड़े अंतरराज्यीय नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में लगभग 24 लाख रुपये की संदिग्ध और अवैध दवाएं सील की गई हैं। इस पूरे रैकेट के तार राजस्थान से जुड़े हुए पाए गए हैं।

अमीनाबाद में अवैध गोदाम पर छापा

FSDA और लखनऊ पुलिस की संयुक्त टीम ने 8 और 9 जुलाई 2026 को अमीनाबाद स्थित एक अवैध गोदाम पर छापा मारा। औषधि निरीक्षक संदेश मौर्य और विवेक कुमार सिंह के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में भारी मात्रा में एलोपैथिक दवाएं मिलीं। मौके पर मौजूद रंजीत सिंह जुल्का न तो दवाओं का वैध लाइसेंस दिखा सके और न ही खरीद-फरोख्त का कोई बिल पेश कर पाए। यहां से कुल 21 लाख रुपये की संदिग्ध दवाएं सील की गई हैं। परीक्षण के लिए 27 नमूने राजकीय प्रयोगशाला भेजे गए हैं।

ब्रांडेड दवाओं की हो रही थी नकल

जांच टीम को नामी कंपनियों के ब्रांड्स की हूबहू नकल मिली है। इन दवाओं के लेबल पर स्पेलिंग और प्रिंटिंग की गंभीर गलतियां पाई गईं। इससे प्रथम दृष्टया इनके नकली होने की पुष्टि हुई। ये दवाएं एंटीबायोटिक व अन्‍य जीवनरक्षक दवाएं शामिल हैं। इन संदिग्ध दवाओं में शामिल हैं: Telma, Flozen-AA, MOXYZIDE-CV 625 LB, Pantop 40, Clavam 625 tab, Alprazolam, Calmpik tab. LCIN TAB, CHYMORLFORTE TAB. RASODI, Zerodal s p, Alfa, alprazolam, Spasmoproxiwan capsule

गोंडा और बक्शी का तालाब में भी कार्रवाई 

इस नेटवर्क का जाल अन्य जिलों में भी फैला हुआ था। लखनऊ के बक्शी का तालाब में राज विक्रम सिंह के अवैध गोदाम से लगभग 3 लाख रुपये की अवैध दवाएं सील की गई हैं। यहां से 4 नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। इसके अलावा गोंडा में अमन कसौधन और एक अन्य व्यक्ति के ठिकानों पर कार्रवाई हुई। गोंडा में एनडीपीएस (NDPS) श्रेणी की नशीली दवाओं का भी अवैध भंडारण मिला है।

राजस्थान से हो रही थी सप्लाई

जांच में सामने आया है कि इस संगठित नेटवर्क का मुख्य केंद्र राजस्थान है। मुख्य आरोपी भूपेन्द्र शर्मा और गुर्जर (राजस्थान) इन नकली औषधियों का निर्माण कर रहे थे। वहां से इन्हें भारी मात्रा में उत्तर प्रदेश में बिना बिल के सप्लाई किया जा रहा था।

इन आरोपियों पर दर्ज हो रही FIR

इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं (111, 318(4), 319(2), 276, 277 और 278) के तहत अमीनाबाद थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए प्रार्थना-पत्र दिया गया है। नामजद अभियुक्तों में शामिल हैं भूपेन्द्र शर्मा (राजस्थान), गुर्जर (राजस्थान), वीरू सिंह चौहान (इलाहाबाद), राज विक्रम सिंह (लखनऊ), अमन कसौधन (गोंडा), रिहान (सीतापुर), मिश्रा (वाराणसी), रंजीत सिंह जुल्का (लखनऊ)

विभाग की आम जनता से अपील

FSDA ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे दवाएं हमेशा लाइसेंसधारी मेडिकल स्टोर से ही खरीदें। दवा खरीदते समय पक्का बिल जरूर मांगें। किसी भी संदिग्ध दवा या अवैध भंडारण की सूचना तुरंत विभाग को दें।

Sunil Yadav

संपादक, लेखक और अनुभवी पत्रकार हैं। वे दैनिक जागरण, आईनेक्‍स्‍ट, कैनविज टाइम्‍स और दैनिक जागरण आईनेक्‍स्‍ट से जुड़े रहे हैं। वह मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश की राजनीति, प्रशासनिक ख़बरों, स्वास्थ्य सेवाओं, टेक्‍नोलॉजी से जुड़े विषयों पर लिखते हैं। ट्विटर (X) पर उनसे @sunilyadav21 पर जुड़ सकते हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button