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यूपी में निवेश के लिए मुंबई में जुटे दिग्गज; टेक्सटाइल और विनिर्माण क्षेत्र को मिलेगी नई रफ्तार

उद्योग गोलमेज बैठक में प्रमुख कॉरपोरेट समूहों ने उत्तर प्रदेश के विनिर्माण अवसरों, एकीकृत आपूर्ति श्रृंखलाओं और मूल्यवर्धित टेक्सटाइल क्षेत्र पर किया मंथन

मुंबई/लखनऊ, 10 अक्टूबर: उत्तर प्रदेश सरकार टेक्सटाइल, परिधान और विनिर्माण क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करने के लिए प्रमुख उद्योग समूहों के साथ संवाद को लगातार मजबूत कर रही है। राज्य सरकार का फोकस उच्च-मूल्य उत्पादन, एकीकृत आपूर्ति श्रृंखलाओं और दीर्घकालिक औद्योगिक विस्तार पर है। इसी क्रम में इन्वेस्ट यूपी ने 10 अक्टूबर को सोफिटेल मुंबई, बीकेसी में उच्चस्तरीय उद्योग गोलमेज बैठक आयोजित की। बैठक में प्रमुख कॉरपोरेट समूहों और विनिर्माताओं ने उत्तर प्रदेश में निवेश एवं कारोबारी विस्तार की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया।

बैठक में आदित्य बिड़ला समूह, वेलस्पन, यमुना मशीन वर्क्स, कुमार एग्रो फूड्स और रोसारी बायोटेक सहित कई कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। चर्चा के दौरान निवेश अवसरों की पहचान, उद्योग की आवश्यकताओं को समझने और उत्तर प्रदेश के विनिर्माण इकोसिस्टम के विस्तार के लिए साझेदारी को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।

कपड़ा उद्योग में निवेशकों के लिए है ढेरों अवसर
इन्वेस्ट यूपी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी विजय किरण आनंद ने उद्योग प्रतिनिधियों के साथ सीधे संवाद किया। उन्होंने निवेश सुविधा, औद्योगिक बुनियादी ढांचे, नीतिगत प्रोत्साहनों और निवेशकों को उपलब्ध सहायता से जुड़े प्रश्नों के उत्तर दिए। कंपनियों ने अपनी अपेक्षाएं और परिचालन संबंधी आवश्यकताएं भी साझा कीं। इससे राज्य को उद्योग की जरूरतों के अनुरूप अपनी निवेशक सेवाओं को और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचे, निवेशक-अनुकूल नीतियों और आसानी से उपलब्ध औद्योगिक भूमि के साथ नए निवेश एवं कारोबारी विस्तार के लिए उद्योगों का स्वागत करने को तैयार है।

उत्तर प्रदेश बेहतर कनेक्टिविटी, विस्तारित औद्योगिक बुनियादी ढांचे, मजबूत कानून-व्यवस्था और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में निरंतर सुधार के माध्यम से अपनी निवेश क्षमता को मजबूत कर रहा है। राज्य की 36+ क्षेत्र-विशिष्ट नीतियां प्राथमिकता वाले उद्योगों को लक्षित सहायता प्रदान करती हैं। वहीं, निवेशक सुविधा संबंधी पहल प्रस्ताव से लेकर परियोजना क्रियान्वयन तक प्रक्रियाओं को सरल बनाने और निवेश को गति देने पर केंद्रित हैं।

एकीकृत वैल्यू चेन और नीतिगत समर्थन से औद्योगिक विकास को नई गति

गोलमेज बैठक में एकीकृत टेक्सटाइल एवं परिधान इकोसिस्टम का विकास प्रमुख विषय रहा। इसका उद्देश्य पारंपरिक विनिर्माण से आगे बढ़कर उच्च-मूल्य गतिविधियों को प्रोत्साहित करना है। प्रतिभागियों ने टेक्सटाइल प्रोसेसिंग, तकनीकी टेक्सटाइल, उन्नत सामग्री, उत्पाद विकास, अनुसंधान एवं विकास, नवाचार और वैश्विक सोर्सिंग नेटवर्क से जुड़े अवसरों पर चर्चा की। लखनऊ के निकट प्रस्तावित पीएम मित्र टेक्सटाइल पार्क को भी इस दिशा में महत्वपूर्ण अवसर के रूप में रेखांकित किया गया।

वैल्यू चेन के बेहतर एकीकरण से विनिर्माताओं को दक्षता बढ़ाने, घरेलू सोर्सिंग को मजबूत करने, उत्पाद क्षमताओं का विस्तार करने और नए बाजारों तक पहुंच बनाने में मदद मिल सकती है। चर्चा में कारोबारी विस्तार के लिए त्वरित निवेशक सेवाओं, उपयुक्त औद्योगिक स्थलों और विश्वसनीय बुनियादी ढांचे के महत्व पर भी जोर दिया गया।

मुंबई में आयोजित यह संवाद उद्योग जगत के साथ सीधे संपर्क बनाए रखने, निवेश अवसरों की पहचान करने, कारोबारी चिंताओं को समझने और अधिक उत्तरदायी निवेश इकोसिस्टम विकसित करने की इन्वेस्ट यूपी की रणनीति को दर्शाता है। प्रतिभागी कंपनियों से प्राप्त सुझावों का उपयोग भविष्य की औद्योगिक विकास पहलों और निवेशक सहभागिता कार्यक्रमों में किया जाएगा। इन प्रयासों का उद्देश्य मूल्यवर्धन, रोजगार सृजन और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ावा देना है।

उत्तर प्रदेश बुनियादी ढांचे के विकास, नीतिगत प्रोत्साहनों और निवेशक सुविधा सेवाओं के समन्वय के माध्यम से स्वयं को पसंदीदा विनिर्माण गंतव्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। ये प्रयास राज्य की व्यापक विकास रणनीति का हिस्सा हैं। इनका उद्देश्य निवेश आकर्षित करना, रोजगार के अवसर पैदा करना, औद्योगिक क्षमता का विस्तार करना और उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने की महत्वाकांक्षा को गति देना है।

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